Posts

Showing posts from September, 2026

तुलसी दास कवितावली और लक्ष्मण मूर्छा

Image
1. पहला पद (कवित्त): "किसबी, किसान-कुल, बनिक, भिकारी, भाट..." मूल पंक्ति: किसबी, किसान-कुल, बनिक, भिकारी, भाट, चाकर, चपल नट, चोर, चार, बेटकी। पढत, गुनत, चढत गिरि, अटत गहन गन अहन अहेतकी। ऊँचे-नीचे करम, धरम-अधरम करि, पेट ही को पचत, बेचत बेटा-बेटी। तुलसी बुझाइ एक राम घनस्याम ही तें, आगि बडवागि तें बडी है आगि पेट की॥ प्रसंग: प्रस्तुत पंक्तियों में तुलसीदास जी ने अपने युग की भीषण भुखमरी और पेट की अग्नि शांत करने के लिए विवश मनुष्यों की दयनीय स्थिति का चित्रण किया है। व्याख्या: तुलसीदास कहते हैं कि मजदूर (किसबी), किसान परिवार, व्यापारी (बनिक), भिखारी, भाट (प्रशंसा करने वाले), नौकर (चाकर), चंचल नट, चोर, गुप्तचर (चार) और जादूगर—ये सभी लोग केवल अपने पेट की आग बुझाने के प्रयास में लगे हैं। लोग पेट भरने के लिए पढ़ते हैं, कलाएँ सीखते हैं, पहाड़ों पर चढ़ते हैं और शिकार की खोज में दिनभर घने जंगलों में भटकते रहते हैं। पेट की भूख शांत करने के लिए मनुष्य धर्म-अधर्म और अच्छे-बुरे सब काम करता है। परिस्थिति इतनी दर्दनाक है कि लोग अपने बच्चों (बेटा-बेटी) तक को बेचने के लिए मजबूर हो जा...

पद परिचय

पद परिचय (Word Analysis / Parsing) हिंदी व्याकरण का एक अत्यंत महत्वपूर्ण अध्याय है। किसी वाक्य में आए प्रत्येक शब्द (पद) का व्याकरणिक दृष्टिकोण से पूर्ण परिचय देना ही पद परिचय कहलाता है। जिस प्रकार हम अपना परिचय देते समय अपना नाम, लिंग, संबंध आदि बताते हैं, उसी प्रकार वाक्य के प्रत्येक पद का लिंग, वचन, कारक, पुरुष, काल तथा अन्य पदों से संबंध बताना पद परिचय है। वाक्य में 'शब्द' और 'पद' का अंतर शब्द: भाषा की स्वतंत्र और सार्थक इकाई है। (जैसे: राम, पुस्तक, पढ़ना) पद: जब कोई शब्द व्याकरण के नियमों में बँधकर वाक्य में प्रयुक्त होता है, तो वह 'पद' बन जाता है। (जैसे: "राम पुस्तक पढ़ता है।" - यहाँ तीनों शब्द 'पद' हैं।) पद-परिचय के प्रमुख भेद एवं उनके बिंदु पद परिचय देने के लिए विकारी (परिवर्तनशील) और अविकारी (अपरिवर्तनशील) सभी व्याकरणिक बिंदुओं का ज्ञान होना आवश्यक है: 1. संज्ञा (Noun) भेद: व्यक्तिवाचक, जातिवाचक, भाववाचक, समूहवाचक, द्रव्यवाचक। आवश्यक बिंदु: लिंग (पुल्लिंग/स्त्रीलिंग), वचन (एकवचन/बहुवचन), कारक (कर्ता, कर्म, करण आदि), क्रिया के साथ संबंध...

पाठ्य योजना 2/9/26

Image
विषय अध्यापिका -सरला भारद्वाज  हिंदी पाठ्य योजना  कक्षा- 6 विषय हिंदी व्याकरण  उप-विषय -विशेषण समय -45+45 मिनट दो कालांश  शिक्षण विधि - गतिविधि ,क्रियाकलाप, कविता गायन,उदाहरण प्रदर्शन ,प्रयोग, व्याख्यान।  ************************************"**** कक्षा में जादुई झोले के साथ प्रवेश,  झोले में टमाटर, नींबू, मुलायम रुमाल, कुछ पत्थर फूल , चित्र,त्रिभुज सुन्दर चांद,ठंडा पानी, गर्म चाय। टमाटर खाने का अभिनय  प्रश्न के साथ क्रिया कलाप- कुछ याद आया? चलो गाते हैं - अहा टमाटर ------    गतिविधि  प्रस्तावना   प्रश्न -1. गीत में कौन सी वस्तु मजेदार है?         2. टमाटर का रंग कैसा है?         3.खाने में टमाटर का स्वाद कैसा होता है?         4.ऊपर से टोकरी में कितने टमाटर  दिख रहे हैं?                        अच्छा जी आपने कहा -टमाटर मजेदार ।                     ...